Author: Giriraj Kheriwal

  • शांति विद्या निकेतन के करुणा क्लब और इको क्लब ने मनाया विश्व पर्यावरण दिवस

    शांति विद्या निकेतन के करुणा क्लब और इको क्लब ने मनाया विश्व पर्यावरण दिवस

    बीकानेर, 05 जून। शीतला गेट स्थित शांति विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय के इको क्लब, करुणा क्लब एवं स्काउट व गाइड द्वारा विश्व पर्यावरण दिवस के उपलक्ष्य में पालसिये लगाए गए।

    शाला की करुणा क्लब की सदस्या तनिषा सोलंकी, भावना अग्रवाल, भावना सोलंकी, निशा सैन और शाला के स्काउट छात्र विशाल दईया, नैतिक टाक, सहदेव सैन, रेहान, नमन तंवर, रहमानुदीन आदि ने मिलकर पक्षियों के लिए अलग अलग जगह पालसिये लगाए व चुगे की व्यवस्था की। शाला सचिव रमेश कुमार मोदी ने बताया कि हमें पर्यावरण के संतुलन बनाए रखने के लिए प्रत्येक जीव जंतु का विशेष ध्यान रखना चाहिए। इस अवसर पर उन्होंने पॉलिथीन भगाओ पर्यावरण – बचाओ का संकल्प भी दिलाया।

    शाला के करुणा क्लब प्रभारी सौरभ बजाज ने शाला में विभिन्न प्रकार के पेड़ पौधों को लगाकर लगातर उनकी सेवा करने का संकल्प भी दिलाया।

    शाला प्रधान हनुमान छींपा ने कहा कि कि पेड़ पौधों व जीव जंतुओं के लिए निरंतर पानी की व्यवस्था करना हमारा कर्तव्य है।

  • विश्व पर्यावरण दिवस पर अणुविभा करेगी इको फ्रेंडली कैरी बैग्स का वितरण

    विश्व पर्यावरण दिवस पर अणुविभा करेगी इको फ्रेंडली कैरी बैग्स का वितरण

    होंगे पर्यावरण संरक्षण संबंधित विभिन्न आयोजन

    बीकानेर। अणुव्रत विश्व भारती सोसायटी के तत्वावधान में 5 जून 2024 को विश्व पर्यावरण दिवस के अवसर पर पर्यावरण जागरूकता अभियान के तहत इको फ्रेंडली कैरी बैग्स वितरित किये जायेंगे।अणुव्रत विश्व भारती सोसायटी की पर्यावरण जागरूकता अभियान की राष्ट्रीय संयोजिका डॉ. नीलम जैन ने बताया कि अणुव्रत विश्व भारती को लगभग 194 समितियों और मंचों ने पर्यावरण संरक्षण संबंधित गतिविधियां आयोजित करने के लिए सहयोग प्रदान करने की सहमति दी है। डॉ. जैन ने बताया कि अणुव्रत विश्व भारती सोसायटी का उद्देश्य पर्यावरण संरक्षण है। धरती की सेहत के लिए इको फ्रेंडली कैरी बैग को अपनाना एक अहम कदम होगा। इस कदम के माध्यम से हम सभी को अपने पर्यावरण की रक्षा में योगदान करने का मौका मिलेगा।

    अणुव्रत विश्व भारती के राष्ट्रीय अध्यक्ष अविनाश नाहर, उपाध्यक्ष एवं पर्यावरण प्रभारी प्रताप दुग्गड़ तथा महामंत्री भीखम सुराणा के अनुसार ये अणुव्रत समितियां और मंच अणुव्रत वाटिका, पर्यावरण गोष्ठियां, पौधरोपण, पौध वितरण, पेड़ पौधों की सारसंभाल, इको फ्रेंडली बैग बनाने के प्रशिक्षण जैसे पर्यावरण संरक्षण के आयामों का संपादन किया जाएगा।

  • मुख्यमंत्री फीस पुनर्भरण योजना खटाई में…

    वित्तीय वर्ष 2023 – 24 के बजट में तत्कालीन मुख्यमंत्री अशोक गहलोत द्वारा घोषित मुख्यमंत्री फीस पुनर्भरण योजना के तहत एडमिशन लेने वाले स्टूडेंट्स को भुगतान मिलेगा या नहीं… जानने के लिए निम्न लिंक पर क्लिक करें।

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  • पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन नहीं कराने वाले लगभग 2000 स्कूल्स को नोटिस

    पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन नहीं कराने वाले लगभग 2000 स्कूल्स को नोटिस

    विभाग ने घोर लापरवाही मानते हुए कड़ी कार्रवाई हेतु जारी किए निर्देश

    देहरादून। उत्तराखंड में प्राईवेट स्कूल्स द्वारा वर्तमान शिक्षा सत्र में आरटीई के अंतर्गत रूचि नहीं दिखाए जाने के कारण कई बच्चों को शिक्षा के अधिकार का लाभ नहीं मिल पाया। मिली जानकारी के मुताबिक 1955 स्कूल्स के शिक्षा विभाग के पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन नहीं करने की वजह से इस साल आरटीई कोटे में काफी कम सीट्स दर्ज हुई हैं। नतीजतन बड़ी संख्या में बच्चों को शिक्षा का अधिकार कानून का लाभ नहीं मिल पाया। शिक्षा विभाग ने इसे प्राईवेट स्कूल्स की घोर लापरवाही मानते हुए पंजीयन नहीं कराने वाली 1955 प्राईवेट स्कूल्स को नोटिस भेजकर कारण पूछा है।

    अभी तक देहरादून में ही नोटिस भेजे जाने की जानकारी मिली है। विभाग ने अब बाकी जिलों में भी नोटिस भिजवाने की तैयारी कर ली है। डीजी शिक्षा बंशीधर तिवाड़ी ने बताया कि स्कूल्स की लापरवाही को गंभीरता से लिया गया है। संतोषजनक जवाब न देने वाले स्कूल्स की मान्यता भी सस्पेंड की जा सकती है।उनके मुताबिक सभी जिलों के मुख्य शिक्षा अधिकारियों को पंजीकरण नहीं कराने वाले स्कूल्स के विरुद्ध कार्रवाई के निर्देश दे दिए गए हैं।

    विदित रहे कि राज्य में 4433 मान्यता प्राप्त गैर सरकारी शिक्षण संस्थाएं हैं। आरटीई के अंतर्गत प्रतिवर्ष शिक्षा विभागीय पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करवाते हुए प्रत्येक स्कूल को आरटीई कोटे के लिए निर्धारित 25 प्रतिशत सीट्स का ब्योरा देना होता है, लेकिन इस साल 2478 स्कूल्स ने ही पोर्टल पर रजिस्ट्रेशन करवाया। बाकी 1955 स्कूल्स ने आरटीई एडमिशन से दूरी बना ली। इस कारण राज्य में आरटीई कोटे के अंतर्गत लगभग 23 हजार स्टूडेंट्स को ही प्रवेश मिल सका है जबकि पिछले वर्ष तक ये संख्या 30 हजार से अधिक तक रहती थी।

    शीघ्र ही मिलेगा वंचित बच्चों को एक और अवसर

    विभागीय सूत्रों के अनुसार आरटीई कोटे के तहत एडमिशन से वंचित छात्र-छात्राओं को जल्द ही दोबारा आवेदन करने का मौका दिए जाने हेतु टाईम फ्रेम बनाया जा रहा है। एपीडी-समग्र शिक्षा अभियान डॉ. मुकुल कुमार सती ने बताया कि विभागीय स्तर पर एडमिशन प्रक्रिया की तैयारियों को अंतिम रूप दिया जा चुका है। जिन स्टूडेंट्स को प्रथम चरण में एडमिशन से वंचित रहना पड़ा है, वे भी पुनः प्रयास कर सकेंगे।

  • 7 दिवसीय निशुल्क जिमनास्टिक प्रशिक्षण शिविर 3 जून से

    7 दिवसीय निशुल्क जिमनास्टिक प्रशिक्षण शिविर 3 जून से

    बीकानेर। जिला जिम्नास्टिक संघ एवं पवनपुरी दक्षिण विस्तार कॉलोनी विकास समिति के तत्वावधान में 3 जून से 9 जून 2024 तक सामुदायिक भवन ,पवनपुरी दक्षिण विस्तार कॉलोनी में शाम साढ़े पांच बजे से शाम साढ़े सात बजे तक 7 दिवसीय नि:शुल्क जिम्नास्टिक प्रशिक्षण शिविर आयोजित किया जाएगा। नि:शुल्क जिम्नास्टिक प्रशिक्षण शिविर में पांच वर्ष आयु वर्ग व इसके ऊपर आयु वर्ग के बालक – बालिकाएं भाग ले सकते हैं।

    इस शिविर में कोच संतोष कुमार नायक, जिम्नास्टिक्स खेल के नियम, सावधानियों, डाइट, फिटनेस एवं जिम्नास्टिक से होने वाले शारीरिक, मानसिक, बौद्धिक व शारीरिक विकास के विभिन्न आयामों का प्रशिक्षण एवं अभ्यास करायेंगे। शिविर के दौरान जिला जिम्नास्टिक संघ के अध्यक्ष सीए सुधीश शर्मा, सचिव प्रदीप सिंह एवं योग प्रशिक्षक विनोद जोशी के मार्गदर्शन में इस शिविर का आयोजन किया जा रहा है।

  • इस दिन जारी हो सकता है 10वीं बोर्ड परीक्षा का परिणाम

    इस दिन जारी हो सकता है 10वीं बोर्ड परीक्षा का परिणाम

    परिणाम जारी करने की बोर्ड ने कर ली है पूरी तैयारी, आज तारीख घोषित करने की कवायद में लगा है बोर्ड

    अजमेर। सत्र 2023-24 में राजस्थान के दसवीं की बोर्ड परीक्षा में सम्मिलित लगभग 12 लाख परीक्षार्थियों के परिणाम को लेकर किए जा रहे इंतजार के खत्म होने का वक्त अब आ गया है। माध्यमिक शिक्षा बोर्ड, राजस्थान, अजमेर दसवीं बोर्ड परीक्षा के परिणाम अगले एक दो दिन में जारी किए जाने की कवायद में जुटा हुआ है। बोर्ड द्वारा आज परिणाम की तारीख घोषित किए जाने की पूरी संभावना है। बोर्ड के सचिव कैलाश चंद्र शर्मा से हुई चलायमान वार्ता के मुताबिक बोर्ड द्वारा परिणाम की तैयारियां पूरी कर ली गयी हैं। बोर्ड की कोशिश है कि परिणाम 29 या 30 मई को घोषित कर दिया जाए। बोर्ड के प्रशासक बोर्ड कार्यालय से परिणाम जारी करेंगे।

    मिली जानकारी के मुताबिक परिणाम संबंधित बैठक बोर्ड द्वारा 27 मई को आयोजित की जा चुकी है। सचिव कैलाश चंद्र शर्मा की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में बोर्ड की गोपनीय शाखा, परीक्षा शाखा और आईटी से जुड़े अफसरों के साथ ही ओएसडी नीतू यादव शामिल हुईं। राजस्थान बोर्ड आज मंगलवार को रिजल्ट की डेट डिसाइड कर सकता है।

  • सुरक्षित बचपन की पहल के साथ प्रभारी सचिव नवीन जैन ने विद्यार्थियों के साथ किया संवाद

    प्रभारी सचिव नवीन जैन आर एन आरएसवी में स्टूडेंट्स को संबोधित करते हुए

    बीकानेर। राजस्थान के विद्यार्थियों को ‘असुरक्षित स्पर्श’ के बारे में जागरूक करने के लिए ‘गुड टच, बैड टच’ अभियान के तहत स्पर्श (गुड टच – बैड टच) मेंटोर तथा जिला प्रभारी सचिव नवीन जैन ने शुक्रवार को करणी नगर स्थित आरएन आरएसवी स्कूल में विद्यार्थियों से संवाद किया।

    इस अवसर पर उन्होंने विद्यार्थियों को जागरुक करते हुए टेक्नोलॉजी के दुष्प्रभाव और अच्छे तथा बुरे स्पर्श के प्रति महत्वपूर्ण जानकारियां दी। उन्होंने विद्यार्थियों से संवाद के दौरान बताया कि बच्चों के साथ होने वाले दुर्व्यवहार के आंकड़े बहुत चौंकाने वाले हैं, इसलिए बच्चों को इस दिशा में स्वयं जानकर आगे आना होगा तथा गलत का विरोध करना सीखना होगा। उन्होंने कहा कि इस कैंपेन के तहत अब तक 65 लाख से अधिक बच्चों को सरकारी स्कूलों के माध्यम से तथा 15 लाख से अधिक बच्चों को स्पर्श वॉलिंटियर्स द्वारा गुड टच एवं बेड टच की जानकारी दी गई है। लगातार तीन चरणों में चले इस अभियान ने सफलता अर्जित की है। भावी शिक्षकों के लिए इस कैंपेन के महत्व पर बात करते हुए उन्होंने कहा कि इसी को दृष्टिगत रखते हुए कैंपेन को भावी शिक्षकों के लिए भी बढ़ाया जा रहा है ताकि स्कूलों में शिक्षकों के माध्यम से इस जानकारी का आधिकारिक प्रचार प्रसार हो सके।

    इस दौरान बीकानेर स्पर्श टीम से डॉ मुदिता पोपली, चंद्रप्रभा, सोनू राजपुरोहित, नवाब अली भी उपस्थित रहे। कार्यक्रम में प्रशिक्षु आईएएस यक्ष चौधरी तथा सांख्यिकी विभाग के उपनिदेशक सुशील शर्मा ने भी शिरकत की। स्कूल निदेशक पार्थ मिश्रा, व्यवस्थापक रामलाल स्वामी, शाला प्राचार्य बिंदु विश्नोई ने श्री जैन को स्मृति चिह्न देकर सम्मानित किया।

  • छुट्टी के दिन स्कूल खोलना पड़ा भारी, स्कूल संचालक तथा बस ड्राईवर पुलिस हिरासत में, डीईओ ने मान्यता समाप्त करने के लिए लिखा

    हरियाणा के महेंद्रगढ़ में भीषण सड़क हादसे में 8 स्कूली स्टूडेंट्स की हुई मौत, बस में सवार सभी स्टूडेंट्स हैं घायल, 10 स्टूडेंट्स की स्थिति नाजुक

    राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, गृहमंत्री और मुख्यमंत्री ने व्यक्त की संवेदनाएं

    महेंद्रगढ़। हरियाणा के महेंद्रगढ़ के नारनौल में कनीना के गांव उन्हानी में महिला महाविद्यालय के पास स्कूल बस पलटने से अब तक 8 बच्चों की मौत हो चुकी है। हादसे में 5 बच्चों की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि तीन अन्य मासूमों ने अस्पताल में इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। मृतकों में अधिकांश बच्चे गांव धनौंदा के रहने वाले हैं। किसी दूसरे वाहन को ओवरटेक करते समय बस का नियंत्रण खो गया तो बस का ड्राइवर चलती बस से बाहर कूद गया और बस एक पेड़ से जा टकराई। बस में तकरीबन 45 स्टूडेंट्स सवार थे। गुरुवार को ईद उल फितर के अवकाश के दिन भी जीएल पब्लिक स्कूल कनीना की यह स्कूल बस सेहलंग, झाड़ली, धनौंदा से कनीना की ओर बच्चों को लेकर आ रही थी। दुर्घटना इतनी भयंकर थी कि बस पलटते ही स्कूली बच्चे बस के शीशों में से बाहर निकल कर गिर गए और भीषण चीख पुकार मच गई। इसी दौरान आसपास के लोग घटनास्थल पर जमा होने लगे। लगभग आधे घंटे में ही 300 से अधिक लोग मौके पर पहुंच गए। हर कोई बच्चों को संभालने में जुटा था। उन्होंने बच्चों को रेस्क्यू करना शुरू कर दिया। सड़क पर दोनों ओर से आ रहे वाहन चालकों ने मौके से बच्चों को बस से निकालकर अपने वाहनों में अस्पतालों में पहुंचाया। पुलिस को भी सूचना दे दी गई। पुलिस ने मौके पर पहुंचकर अर्थमूअर मशीन की सहायता से बस को उठाया और पुलिस थाने में ले गई। करीब दस बच्चों की हालत गंभीर है और सभी बच्चे घायल हैं। इनको तुरंत कनीना लाया गया। यहां से कुछ नारनौल, पीजीआइएमएस रोहतक और रेवाड़ी रेफर कर दिए गए। अब तक मिली जानकारी के मुताबिक ड्राईवर की लापरवाही को इस दुर्घटना की सबसे बड़ी वजह बताया जा रहा है। घायल छात्रों में से कुछ बच्चों ने स्थानीय मीडिया से बातचीत में कहा कि ड्राइवर ने शराब पी हुई थी। एक बच्चे ने कहा कि ‘ड्राइवर ने पी रखी थी और बस की रफ्तार 120 से ज्यादा कर रखी थी। इसी के चलते संतुलन बिगड़ गया।’ इसके अलावा हादसे के बाद मौके पर जमा हुजूम में से भी कई लोगों ने ड्राईवर के शराब पीए हुए होने की बात कही। एसपी अर्श वर्मा ने बताया कि ड्राइवर को अरेस्ट कर लिया गया है। डॉक्टर फिलहाल ड्राइवर का मेडिकल कर रहे हैं। इससे पता चलेगा कि उसने शराब पी थी या नहीं। बस के कागज भी चेक कर रहे हैं। हरियाणा की शिक्षा मंत्री सीमा त्रिखा ने निजी अस्पताल में पहुंच कर छात्रों का हाल-चाल जाना। इस दौरान उन्होंने कहा कि निजी स्कूल संचालकों को भी नियमों का पालन करना चाहिए। मंत्री ने कहा कि ड्राइवर के साथ-साथ स्कूल के प्रिंसिपल व मालिक के खिलाफ एफआईआर दर्ज की जाएगी। उन्होंने कहा कि ईद के अवकाश के दिन स्कूल खोलना गंभीर बात है। उन्होंने इसको लेकर प्रदेश के सभी शिक्षा अधिकारियों को कार्रवाई के निर्देश देते हुए कहा कि नियमों का उल्लंघन करने वाले स्कूलों के खिलाफ की कड़ी कार्रवाई जाए। हादसे को लेकर उपायुक्त ने कहा कि प्रशासन की तरफ से घायलों की हर संभव मदद की जा रही है। उन्होंने बताया कि प्रशासन की निगरानी में बेहतर उपचार हो रहा है। इसके साथ ही डीसी ने स्कूल प्रशासन पर कार्रवाई करने की बात कही है। उधर जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा स्कूल की मान्यता को रद्द करने के लिए लिखे जाने की बात सामने आ रही है। देश की राष्ट्रपति महामहिम द्रौपदी मुर्मू, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह, हरियाणा के मुख्यमंत्री नायब सैनी, पूर्व सी एम मनोहर लाल खट्टर, पूर्व सी एम दुष्यंत चौटाला, पूर्व शिक्षा मंत्री प्रो.रामबिलास शर्मा इत्यादि ने इस दर्दनाक हादसे पर दुख जताया है।मिली जानकारी के मुताबिक जी एल पब्लिक स्कूल के चेयरमैन राजेंद्र लोढ़ा भाजपा के नेता हैं और कनिना म्युनिसिपल कमेटी के चेयरमैन भी रह चुके हैं। इस दुर्घटना के बाद उन्हें भी पुलिस कस्टडी में लिए जाने की जानकारी मिली है।

  • एक तरफा जीत हासिल कर गिरिराज खैरीवाल बने बीकानेर के अध्यक्ष

    आल इंडिया मीडिया एसोसिएशन के बीकानेर जिलाध्यक्ष पद पर खैरीवाल हुए निर्वाचित

    बीकानेर। आल इंडिया मीडिया एसोसिएशन (AIMA) के बीकानेर जिलाध्यक्ष पद पर पत्रकार – शिक्षाविद् गिरिराज खैरीवाल निर्वाचित घोषित किए गए हैं। संस्था के पूरे देश के लिए जिलाध्यक्ष पद हेतु 17 मार्च 2024 को आनलाइन वोटिंग हुई थी। उस दौरान बीकानेर जिले में संस्था के 257 सदस्यों में से 199 सदस्यों ने अपने अपने वोट डाले। चुनाव परिणामों की आनलाइन घोषणा बुधवार, 27 मार्च 2024 को दोपहर लगभग 1 बजे की गयी। 199 में से खैरीवाल को 151 वोट हासिल हुए हैं जबकि उनके निकटतम उम्मीदवार प्रकाशचंद सामसुखा को 24 वोट ही मिले। दो अन्य उम्मीदवारों संजय सांखला को 20 तथा असगर अली को 4 वोट मिले। परिणाम की घोषणा के पश्चात खैरीवाल ने सभी मतदाता सदस्यों का तहेदिल आभार प्रकट किया है और अपने शुभचिंतकों के प्रति भी धन्यवाद ज्ञापित किया है।

  • हैप्पीनेस और मुस्कुराहट जिसने सीख लिए, उसके जीवन में कभी भी तनाव नहीं होता : अर्जुनराम मेघवाल

    आर्ट ऑफ लिविंग, बीकानेर ने इस बार फिर मनायी ईको फ्रेंडली होली

    जमकर लुत्फ लिया डिवोटिज ने

    बीकानेर। केंद्रीय कानून एवं न्याय राज्यमंत्री अर्जुन राम मेघवाल ने कहा कि लाईफ मैनेजमेंट में हैप्पीनेस और मुस्कुराहट जिसने सीख लिए, उसके जीवन में कभी भी तनाव नहीं होता। जीवन की यह अतीव गूढ़ एवं प्रेरक बात बहुत वर्षों पहले आर्ट ऑफ लिविंग के मुख्यालय बेंगलुरु आश्रम में आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रविशंकर जी ने एक मुलाकात के दौरान उन्हें आशीर्वाद स्वरूप कही थी। श्री मेघवाल ने ये शब्द सोमवार, 25 मार्च को ट्रांसपोर्ट गली स्थित आर्ट ऑफ लिविंग कैंपस में आयोजित ईको फ्रेंडली होली समारोह में अभिव्यक्त किये। मेघवाल ने होली को भाईचारे का पर्व बताते हुए होली को प्रेम और सौहार्द का द्योतक बताया। उन्होंने कहा कि आर्ट ऑफ लिविंग द्वारा इको फ्रेंडली होली का आयोजन बेहद सराहनीय प्रयास है। केवल गुलाल और फूलों से होली खेलना बहुत ही प्रशंसनीय है। मेघवाल ने बताया कि उन्होंने भी आर्ट ऑफ लिविंग के हैप्पीनेस कोर्स का प्रशिक्षण लिया हुआ है। उन्होंने बताया कि वे 2008 में चूरु जिला कलक्टर के पद पर कार्यरत थे और इस दौरान उन्होंने चूरु जिले के सभी अधिकारियों को हैप्पीनेस कोर्स करवाया था। इस दौरान मेघवाल ने आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रविशंकर से जुड़े अनेक संस्मरण शेयर करते हुए सभी को होली की रंगबिरंगी शुभकामनाएं दीं तथा आर्ट ऑफ लिविंग फैमिली के साथ होली का आनंद लिया।

    इस अवसर पर आर्ट ऑफ लिविंग के बीकानेर जोन के मीडिया समन्वयक गिरिराज खैरीवाल ने बताया कि हंसी मजाक के नाम पर छेड़छाड़ और फूहड़ता इस कदर बढ़ गयी है कि लोग होली वाले दिन घरों से बाहर निकलने से ही बचते हैं। साथ ही रंगों की आड़ में पक्के एवं केमिकल्स मिले रंगों के प्रयोग के कारण लोग होली खेलने से दूर होने लगे हैं। इसलिए पिछले कुछ सालों से आर्ट ऑफ लिविंग द्वारा ईको फ्रेंडली होली का आयोजन किया जा रहा है।

    इस अवसर पर श्री श्री रविशंकर विद्या मंदिर के राजस्थान अपेक्स मेंबर राजेश मुंजाल ने केंद्रीय मंत्री अर्जुन राम मेघवाल को आर्ट ऑफ लिविंग के बीकानेर केंद्र की गतिविधियों से रूबरू करवाया। इस मौके पर स्टेट टीचर्स कॉर्डिनेटर जितेंद्र सारस्वत के नेतृत्व में आर्ट ऑफ लिविंग, बीकानेर के डिवोटिज ने होली का जमकर लुत्फ उठाया। इस दौरान गीत – संगीत – नृत्य की विभिन्न प्रस्तुतियां चलती रहीं और डिवोटिज थिरकते रहे।

    लगभग दो घंटे चले इस अनुपम आयोजन में साधना सारस्वत, गीता भटनागर, शीला चौधरी, रामदेव कुलरिया, दमयन्ती सुथार, राजकुमार भटनागर, मुकेश शर्मा, परताराम चौधरी, पृथ्वी सिंह, अरुण कुमार, प्रकाश शर्मा, कुशाल खत्री, प्रेम जोशी, भंवरी देवी सहित बड़ी संख्या में आर्ट ऑफ लिविंग के डिवोटिज उपस्थित रहे और ईको फ्रेंडली होली का आनंद उठाया।

  • आर्ट ऑफ लिविंग के संस्थापक श्री श्री रविशंकर का होली – संदेश

    होली मौज-मस्ती और आनंद का उत्सव है। हमारा जीवन भी होली की तरह जीवंत और रंगों से पूर्ण होना चाहिए, नीरसता और उकताहट से भरा नहीं। फाल्गुन मास की पूर्णिमा साल की आखिरी पूर्णिमा है। भारत में ऐसी पद्धति है कि इस दिन घर की सारी पुरानी चीज़ों को इकट्ठा करके उसकी होली जलाते हैं। और उसके अगले दिन रंग खेलकर होली मनाते हैं।

    रंगों की तरह जीवन में हमारी भूमिकाएं भी स्पष्ट होनी चाहिए

     जैसे हर रंग अपने आप में स्पष्ट दिखते है, वैसे ही जीवन में हमारी विभिन्न भूमिकाएं और भावनाएं भी स्पष्ट रूप से परिभाषित होनी चाहिए। कई बार हम इनमें घालमेल कर देते हैं तभी भ्रम और समस्याएं उत्पन्न होती हैं। जिस समय आप पिता की भूमिका में हैं, तो पिता ही रहें; जब आप ऑफिस में हों तो अपने काम पर ध्यान केंद्रित रखें। इन भूमिकाओं को मिलाने से ही गलतियां होती हैं। स्पष्टता जीवन के विभिन्न पहलुओं की सुंदरता को सबके सामने लाती है। यह हमें हर भूमिका को ठीक से निभाने की शक्ति देती है।

    हिरण्यकश्यप स्थूलता का प्रतीक है

    हमारे देश में होली के विषय में हिरण्यकश्यप, होलिका और प्रह्लाद की एक कहानी बहुत प्रचलित है। हिरण्यकश्यप एक असुर राजा था। ‘हिरण्यकश्यप’ माने वह व्यक्ति जो हमेशा स्वर्ण या भौतिक धन सम्पदा की ओर ही देखता रहता हो। हिरण्यकश्यप को स्वयं भी गहरे आनंद की खोज थी लेकिन वह वास्तविक आनंद को पहचान नहीं पाया। उसके अपने पुत्र प्रह्लाद (विशेष आह्लाद ) के इतने समीप होते हुए भी वह उसको पहचान नहीं पाया और उसी आनंद को वह इधर-उधर ढूँढता रहा। इसीलिए ‘हिरण्यकश्यप’ स्थूलता का प्रतीक है।

    हमारे भीतर का प्रह्लाद कौन है?

    हिरण्यकश्यप के पुत्र का नाम प्रह्लाद था। प्रह्लाद का अर्थ है एक विशेष संतोष, खुशी और आह्लाद। प्रह्लाद भगवान नारायण का भक्त था। नारायण यानि आत्मा। जो खुशी हमें भीतर अपनी आत्मा से मिलती है, वह खुशी और कहीं नहीं मिल सकती। हम सभी को एक ऐसे विशिष्ट आनंद की चाह है जो कभी समाप्त न हो। ऐसे ही विशिष्ट आनंद की तलाश में लोग शराब पीते हैं, जुआ खेलते हैं और पैसे इकट्ठे करते हैं। लोग जो भी हित-अहित काम कर बैठते हैं वह सब उसी विशिष्ट आह्लाद ‘प्रह्लाद’ की चाह में करते हैं।

    होलिका का गूढ़ार्थ क्या है ?

    होलिका हिरण्यकश्यप की बहन थी। होलिका को अग्निदेव ने ऐसा आशीर्वाद दिया था जिसके कारण अग्नि होलिका को कोई हानि नहीं पंहुचा सकती थी। ‘होलिका’, अतीत के बोझ का प्रतीक है, जो प्रह्लाद की सरलता को जलाने का प्रयास करती है।

    होलिका दहन के पीछे की कहानी

    ऐसी कथा प्रचलित है कि असुर राजा हिरण्यकश्यप को अपने पुत्र प्रह्लाद की नारायण भक्ति पसंद नहीं थी। वह चाहता था कि जैसे राज्य के अन्य लोग हिरण्यकश्यप की भक्ति करते हैं वैसे ही प्रह्लाद भी उनकी भक्ति करे। हिरण्यकश्यप के अनेक प्रयासों के बाद भी प्रह्लाद ने अपनी नारायण भक्ति जारी रखी। एक बार हिरण्यकश्यप ने अपनी बहन होलिका से कहा कि वह प्रह्लाद को गोद में लेकर अग्नि पर बैठ जाए; होलिका प्रह्लाद को लेकर अग्नि पर बैठी किंतु प्रह्लाद नहीं जला बल्कि होलिका जल गई। यह होलिका दहन की कहानी है।

     

    लोभी व्यक्तियों को कभी शांति का अनुभव नहीं हो सकता

    लोभी व्यक्ति दूसरों को कम, खुद को ज्यादा सताते हैं। इसीलिए ऐसे लोगों के चेहरे में कोई आनंद, मस्ती और शांति कभी हो ही नहीं सकती। 
    अतीत के समाप्त हो जाने से जीवन एक उत्सव बन जाता है। अतीत को जलाकर, आप एक नई शुरुआत के लिए तैयार होते हैं। आपकी भावनाएँ आग की तरह आपको जला देती हैं लेकिन जब रंगों का फव्वारा फूटता है तो वे आपके जीवन में आनंद भर देते हैं। अज्ञानता में भावनाएं हमें परेशान करती हैं; ज्ञान के साथ वही भावनाएं रंगीन हो जाती हैं।

  • आरटीई के अंतर्गत सत्र 2024-25 की प्रवेश प्रक्रिया होगी शीघ्र ही शुरू

    पी पी 3+ एवं पहली कक्षा में ही होंगे प्रवेश

    बीकानेर। आरटीई के अंतर्गत सत्र 2024-25 की प्रवेश प्रक्रिया शीघ्र ही शुरू होने वाली है। मिली जानकारी के मुताबिक कुछ संशोधनों के साथ शिक्षा विभाग ने इस संबंध में दिशा निर्देश तैयार कर लिए हैं और इसी सप्ताह इनके जारी होने की पूरी संभावना है। सूत्रों के मुताबिक अब आरटीई के अंतर्गत पी पी 3+ एवं पहली कक्षा में ही दाखिले लिए जाएंगे। पी पी 4 + एवं पी पी 5+ में प्रवेश नहीं होंगे। यदि किसी स्कूल की एंट्री लेवल क्लास पी पी 4+ अथवा पी पी 5+ है तो वहां केवल पहली कक्षा में ही आरटीई के अंतर्गत प्रवेश हो सकेंगे।

    जिन स्कूल्स में एंट्री लेवल क्लास पी पी 3+है, वहाँ पी पी 3+ तथा पहली दोनों ही कक्षाओं में एडमिशन होंगे। पी पी 3+ में 31 जुलाई 2024 को तीन वर्ष से अधिक लेकिन 4 वर्ष से कम आयु वाले बच्चों का दाखिला हो सकेगा जबकि पहली कक्षा हेतु 31 जुलाई 2024 को छह वर्ष से अधिक लेकिन सात वर्ष से कम आयु वाले बच्चे ही प्रवेश के योग्य होंगे।

    अभिभावकों के पेन नंबर को भी इस वर्ष से दस्तावेज के रूप में स्वीकृति दी गई है।

  • राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय 961आरडी, बज्जू में अंत्योदय खिलौना बैंक की स्थापना

    शिक्षक डूडी के प्रयास लाए रंग

    बीकानेर। अंत्योदय प्रेरक एवं वरिष्ठ अध्यापक रामचंद्र डूडी के प्रयासों से अंत्योदय फाउंडेशन, मुंबई, रायजन इंटरनेशनल स्कूल, बीकानेर और राष्ट्रपति अवार्ड शिक्षक दीपक जोशी के सहयोग से बज्जू ब्लॉक के राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय 961 आरडी में खिलौना बैंक स्थापित किया गया है।

    इसमें विभिन्न शैक्षिक खिलौने और सहायक सामग्री भेंट की गई। खिलौनों से बच्चे खेल-खेल में शिक्षा के विभिन्न आयामों से परिचित हो सकेंगे। इसके साथ ही संस्था ने महापुरुषों की जीवनियों की पुस्तकें भी भेंट की। इस दौरान अंत्योदय प्रेरक व वरिष्ठ अध्यापक रामचंद्र, निंबाराम ,महावीर ,सुखदेव ,गणपत राम आदि स्टाफ एवं छात्र-छात्राएं उपस्थित रहे। संस्था प्रधान संदीप कुमार मीणा और बज्जू के सीबीईओ डॉ. रामगोपाल शर्मा ने फाउंडेशन का आभार व्यक्त किया।

  • बीकानेर में पहली बार होने जा रही पेरेंटिंग सेमीनार को लेकर जबर्दस्त उत्साह

    देश के नं 1 पेरेंटिंग कोच परीक्षित जोबनपुत्र बताएंगे बेस्ट पेरेंटिंग के टिप्स

    बीकानेर। वर्तमान भागमभाग के समय में पेरेंटिंग काउंसिलिंग भी बहुत जरूरी होती जा रही है। उचित व सही पेरेंटिंग बच्चों के ब्राइट फ्यूचर के लिए बहुत उपयोगी सिद्ध होती है। बच्चों के सफल करिअर में पेरेंट्स के महत्वपूर्ण योगदान के मद्देनजर वर्तमान समय में पेरेंटिंग काउंसलिंग समय की डिमांड है। इसी आवश्यकता को देखते हुए बीकानेर पुलिस द्वारा निर्विकल्प फांउडेशन एवं सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय के साथ बीकानेर में एक पेरेंटिंग सेमीनार का आयोजन किया जा रहा है। आगामी 5 मार्च 2024 को स्थानीय रविंद्र रंगमंच पर सायं 3:30 बजे आयोज्य इस सेमीनार में देश के श्रेष्ठतम पेरेंटिंग कोच परीक्षित जोबनपुत्र द्वारा पेरेंटिंग टिप्स की ट्रेनिंग दी जाएगी। यह सेमीनार निशुल्क रखी गई है। इस सेमीनार में बीकानेर जिले की राजकीय व गैर राजकीय स्कूल्स के कक्षा 1 से 6 में अध्यनरत बच्चों के पेरेंट्स की सूची स्कूल्स द्वारा उपलब्ध करवा कर उनको एंट्री पास के माध्यम से प्रवेश दिया जायेगा। सेमीनार में सम्मिलित होने वाले सभी पेरेंट्स को प्रमाण – पत्र दिए जाएंगे।

    इस अभिनव सेमीनार के समन्वयक करिअर काउंसलर डॉ. चंद्र शेखर श्रीमाली के मुताबिक विनोद एग्रो इंडस्ट्रीज के ब्रांड बीकानेर फ्रेश, सिंथेसिस इंस्टीट्यूट, डॉ. श्याम अग्रवाल हॉस्पिटल एंड रिसर्च सेंटर, एंटरप्रेन्योर एंड बिजनेस मेंटर गोविंद भादू, भीखाराम चांदमल, शिवा स्टेशनर्स, पिंटू राठी, मीडिया बर्ड व राम डिजिटल स्टूडियो कार्यक्रम के सहयोगी हैं। डॉ. श्रीमाली ने बताया कि इस सेमीनार में अधिक से अधिक स्कूल्स के स्टूडेंट्स के पेरेंट्स को लाभान्वित करने के उद्देश्य से 23 फरवरी 2024 को आईजी आफिस के कांफ्रेस हाल में आयोजित प्रिंसिपल्स मिटिंग में बीकानेर रेंज के आईजी ओमप्रकाश, सामुदायिक विज्ञान महाविद्यालय की डीन प्रो. विमला डुकवाल, जैन महासभा के अध्यक्ष व विनोद एग्रो के एमडी विनोद बाफना, मोटिवेशनल स्पीकर गोविन्द भादू, शिवा स्टेशनरी के ओमप्रकाश मुखीजा, राम स्टूडियो के राम पाणेचा, भीखाराम चांदमल के ज्ञान गोस्वामी इत्यादि ने पेरेंटिंग सेमीनार में अधिकाधिक पेरेंट्स को भाग लेने हेतु मोटिवेट करने की अपील मिटिंग में मौजूद बीकानेर के 42 स्कूल्स के प्रतिनिधियों से की।

    मीटिंग में बीबीएस स्कूल के प्राचार्य फादर संदीप थॉमस, जैन पब्लिक स्कूल की प्राचार्या रूपश्री सिपानी, बीकानेर पब्लिक स्कूल की प्राचार्य शिल्पी खत्री, नालन्दा पब्लिक स्कूल के प्राचार्य राजेश रंगा, आर्यन पब्लिक स्कूल के हरिप्रसाद व्यास, माहेश्वरी पब्लिक स्कूल की प्राचार्या डॉ. श्रेया थानवी, बाल गोविन्दम स्कूल के मनोज बिहानी, संस्कार स्कूल की प्राचार्या कविता शर्मा, विंग्स स्कूल की प्राचार्या नीना सिंह, सोफिया स्कूल की बबीता, सेमूनो इंटरनेशनल टेक्नो स्कूल की डायरेक्टर डॉ. नीलम जैन, आरबीएम स्कूल के अभिजीत व्यास, रमेश इंग्लिश स्कूल की प्राचार्या हेमा कवात्रा, एंजेल स्कूल के प्राचार्य आनंद व्यास, अर्हम् इंग्लिश एकेडमी के एमडी सुरेन्द्र डागा, मद्रास कान्वेट स्कूल की प्राचार्या जयमाला विश्वकर्मा, सनराईज स्कूल की प्राचार्या इन्द्रा बालेजा, बर्लिन स्कूल के मनमोहन पालीवाल, शास्त्री इंग्लिश स्कूल के एडवोकेट बजरंग प्रजापत, सेन्ट पब्लिक स्कूल के अरूण व्यास, मघीदेवी सरस्वती स्कूल के तुलसी राम तंवर, मैक्स टू मैक्स पब्लिक स्कूल की सरिता चाण्डक, सिल्वन इंग्लिश स्कूल की प्राचार्या सुनीता तनेजा इत्यादि उपस्थित रहे।

  • समाजोपयोगी शिविर सेवा भावना को सुदृढ़ करने का बेहतरीन आयाम : बोड़ा

    शांति विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय के समाजोपयोगी शिविर का हुआ समापन

    बीकानेर। शांति विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय के समाजोपयोगी उत्पादक शिविर का समापन शनिवार को समारोह पूर्वक हुआ। इस अवसर पर अतिरिक्त जिला शिक्षा अधिकारी (माध्यमिक शिक्षा) सुनील कुमार बोड़ा ने मुख्य अतिथि के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि समाजोपयोगी शिविर स्टूडेंट्स में सेवा भावना को सुदृढ करने का बेहतरीन आयाम है। उन्होंने कहा कि शांति विद्या निकेतन द्वारा विभिन्न गतिविधियों को शाला में बहुत ही सुदृढ़ तरीके से करवाया जा रहा है।

    अपने संबोधन के दौरान शिक्षाविद् एवं करुणा इंटरनेशनल संस्था, बीकानेर के उपाध्यक्ष राजेश रंगा ने बच्चों को शिक्षा के साथ साथ जीवन में इस प्रकार की गतिविधियों को करने और आगे बढ़ने का संकल्प दिलाया। इस अवसर पर शाला सचिव रमेश कुमार मोदी द्वारा मनोरंजन गीत “जानवर खेलते चिड़िया घर में…” की प्रेक्टिकल प्रस्तुति ने सभी को अभिभूत कर दिया। तीन दिवसीय शिविर में सीखाए गए कार्यों एवं आयोजित की गईं गतिविधियों का विभिन्न माध्यमों एवं आयामों से अतिथियों द्वारा आकलन भी किया गया। इस दौरान अव्वल रहे स्टूडेंट्स को पुरस्कार भी दिए गए।

    रमेश कुमार मोदी ने इस अवसर पर सभी अतिथियों का सम्मान मोमेंटो देकर किया। उन्होंने विद्यालय में आयोजित हुई गतिविधियों के साथ ही संस्था की उपलब्धियों के बारे में भी बताया।

    प्रधानाध्यापक हनुमान छींपा ने बताया कि शिविर के दूसरे दिन शुक्रवार को करुणा अंतरराष्ट्रीय संस्था, बीकानेर केंद्र के शिक्षा अधिकारी घनश्याम साध ने बच्चों को अन्य गतिविधियों के साथ साथ करुणा क्लब और करुणा प्रार्थना का महत्व बताया। उन्होंने करुणा शपथ दिलवाकर शाला के विद्यार्थियों को करुणा व दया तथा पशु पक्षियों के प्रति जागरूकता रखने की प्रेरणा दी। छींपा ने बताया कि शिविर का शुभारंभ शिक्षाविद गिरिराज खैरीवाल ने गुरुवार को को किया था। शिविर का संचालन शाला के अध्यापक और करूणा क्लब के प्रभारी सौरभ बजाज ने किया।

  • शिक्षा विभाग में आमूलचूल बदलाव की तैयारी शुरू, निजी विद्यालयों को कैसे मैनेज करेगी नयी सरकार

    निजी स्कूल्स की प्रार्थना और ड्रेस-कोड में कैसे एकरूपता ला पाएगी सरकार !

    हरीश बी. शर्मा

    (ख्यातनाम वरिष्ठ पत्रकार एवं साहित्यकार)

    राजस्थान की भाजपा सरकार ने प्रदेश में शिक्षा के क्षेत्र में एकरूपता लाने की दृष्टि से बदलाव शुरू कर दिया है। 4 दिन पहले विधायक बाल मुकुंदाचार्य ने जिस तरह स्कूल की ड्रेस में एकरूपता की बात कही थी, उसी वक्त यह संकेत मिल गया था कि भाजपा की आगामी कार्ययोजना में अब शिक्षा-जगह आएगा। हालांकि, इस तरह की भनक लगते ही कि स्कूलों में हिजाब पहनकर जाने का विरोध हो रहा है, प्रदर्शन भी हुए। स्कूलों में लड़कियां पहुंची भी नहीं, लेकिन जिस तरह के तेवर भाजपा की सरकार के हैं और बतौर शिक्षा मंत्री भी मदन दिलावर जैसे तेज-तर्रार नेता मिले हैं, इस बात में कोई संशय नहीं है कि आने वाले कुछ ही दिनों में शिक्षा विभाग में आमूल-चूल परिवर्तन देखने को मिलेगा। देखना यह है कि मदल दिलावर इन नियमों को निजी स्कूल्स पर कैसे लागू करवा पाते हैं, क्योंकि निजी स्कूल्स में ड्रेस-कोड से लेकर प्रार्थनाएं तक मनमर्जी की चलती है।शिक्षा विभाग ने स्कूल्स के लिए चार नियम बनाए हैं। इन नियमों में एक जैसा ड्रेस-कोड होगा। चयनित प्रार्थनाएं होंगी। प्रार्थना के समय सरस्वती माता की तस्वीर होनी जरूरी होगी और जिन महापुरुषों का जिक्र पाठ्यक्रमों में होगा, उन्हें ही पढ़ाया जा सकेगा। इन नियमों के साथ ही प्रदेश की स्कूलों में खलबली मचनी तय है। खासतौर से प्राइवेट स्कूल्स मेंं, जहां ड्रेस-कोड प्रबंधन की इच्छा के अनुसार चलता है, क्या प्रदेश की सभी स्कूल्स में एक जैसा ड्रेस कोड लागू करवाने में अधिकारी सख्त हो पाएंगे, क्योंकि यह जिम्मेदारी अधिकारियों की ही होगी कि वे इन सभी नियमों पर निगरानी करे।चयनित प्रार्थनाओं वाला मामला भी सरकार को बारीकी से देखना होगा। प्रदेश में ऐसी कई स्कूल्स हैं, जिनका संचालन समाज, धर्म या संप्रदाय पर आधारित भी है, वहां पर या तो चयनित प्रार्थनाएं होती ही नहीं हैं या फिर समानांतर प्रार्थना करवाई जाती है। यह तो जांच में ही पता चल पाएगा कि उन स्कूल्स में क्या स्थिति है।रही बात सरस्वती की तस्वीर की अथवा पाठ्यक्रम में उल्लेखित महापुरुषों के संबंध में ही अध्ययन कराने की, ये तो आसानी से लागू हो जाएंगे, लेकिन ड्रेस-कोड और प्रार्थनाओं के लिए सरकार को बड़े स्तर पर काम करना होगा। अगर ऐसा नहीं होता है तो अवहेलना होने लगेगी। सरकार को चाहिए कि इन सभी नियमों की पालना के लिए निजी स्कूल्स की काउंसिलिंग करे और उन्हें एक-रूपता के फायदे बताए। यह सही है कि अगर प्रदेश की सभी स्कूल्स में एक जैसा ड्रेस-कोड होगा तो बच्चों के अंदर हीनता का भाव नहीं आएगा वरना बहुत सारे सरकारी स्कूल्स में पढने वाले बच्चे तो इसी सोच में अपने आपको कमतर आंकने लगते हैं कि दूसरी ड्रेस वाले बच्चों से वे कमतर हैं। इस कमतरी के अहसास को खत्म करवाने के लिए एक जैसी ड्रेस कोड का विचार अच्छा है। हालांकि, भाजपा इस मुद्दे पर लगातार काम कर रही है। जैसे वन नेशन, वन इलेक्शन, वन नेशन, वन राशन कार्ड आदि। ऐसे में स्कूल्स में भी अगर एकरूपता आएगी तो बच्चों के समन्वित विकास का मार्ग प्रशस्त होगा।देखना यह है कि निजी स्कूल्स में यह नियम कैसे लागू होता है? जाहिराना तौर पर सरकार, मंत्री और शिक्षा विभागीय अधिकारियों को अधिक समर्पित, नैतिक और निष्ठावान होना होगा तब ही ये चार नियम स्कूल्स में लागू हो पाएंगे।

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    यह आर्टिकल हरीश बी. शर्मा ने लॉयन एक्सप्रेस पोर्टल पर एक फरवरी 2024 को अपने नियमित संपादकीय कॉलम “हस्तक्षेप” में पब्लिश किया था। विशेष अनुरोध पर ज्ञानायाम में भी प्रकाशित करने की अनुमति देने के लिए ज्ञानायाम उनके प्रति कृतज्ञ है।

  • मोहता आयुर्वेदिक रसायनशाला, चिकित्सालय एवं हर्बल गार्डन का शैक्षणिक भ्रमण कर स्टूडेंट्स हुए अभिभूत

    राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, राजलदेसर (चूरु) के स्टूडेंट्स ने किया भ्रमण

    बीकानेर। राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, राजलदेसर, चूरू के विद्यार्थियों ने शुक्रवार को दोपहर में श्री मोहता आयुर्वेदिक चिकित्सालय ट्रस्ट के विभिन्न विभागों का भ्रमण कर जानकारी प्राप्त की।

    मोहता आयुर्वेदिक चिकित्सालय ट्रस्ट के श्रीमती जया रामपुरिया, वैद्य मुकेश भारद्वाज, वैद्य प्रमोद भट्ट एवं योगेश पुरोहित ने ट्रस्ट द्वारा संचालित औषधालय, रसायनशाला एवं हर्बल गार्डन का भ्रमण कराते हुए विद्यार्थियों को विस्तार से जानकारी दी। इस अवसर पर मोहता आयुर्वेदिक चिकित्सालय के वैद्य प्रमोद भट्ट ने आर्युवेद का महत्व समझाते हुए स्टूडेंट्स से बारहवीं के बाद बी.ए.एम.एस. करने की प्रेरणा प्रदान की। इस दौरान 100 साल से भी अधिक पुरानी मोहता धर्मशाला का का भ्रमण भी स्टूडेंट्स को कराया गया। इस अवसर पर ट्रस्ट द्वारा सभी सहभागी स्टूडेंट्स, टीचर्स व स्टाफ को चंदन व गुलाब के शर्बत की बोटल्स वितरित की गई तथा चाय नाश्ते का प्रबंध भी किया गया।

    भ्रमण कार्यक्रम में राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय, राजलदेसर (चूरु) के प्रिंसीपल जय सिंह बाहरठ के नेतृत्व व निर्देशन में शैक्षणिक स्टाफ सदस्य विजय पाल एचरा, मनमोहनदान, गिरधारी डेलू, सुनील कड़वा, अनिल खेतड़ तथा सुमन पांडे एवं 50 स्टूडेंट्स ने सहभागिता की। ट्रस्ट द्वारा दिए गए मार्गदर्शन, सहयोग एवं सेवा से अभिभूत होकर प्रधानाचार्य बारहठ ने ट्रस्ट के प्रति खुले मन से आभार व्यक्त किया।

  • आरएसवी के विद्यार्थियों ने सूर्य किरण टीम के एयर शो का भरपूर आनंद लिया

    बीकानेर। आरएसवी ग्रुप ऑफ स्कूल्स के 1200 से अधिक विद्यार्थियों ने नाल एयर फोर्स स्टेशन पर गुरुवार को आयोजित एयर शो के हैरत अंगेज कारनामों का भरपूर लुत्फ उठाया। भारत माता की जय तथा वंदे मातरम् के नारों के साथ विद्यार्थियों ने सूर्य किरण टीम के एस यू- 30 तथा तेजस फाइटर प्लेन द्वारा आसमान में दिखाए जा रहे विभिन्न करतबों का खुली हुई धूप में भी जमकर आनंद लिया।

    फाइटर प्लेन की कलाबाजियां देखकर विद्यार्थी रोमांचित हो रहे थे। वायु सैनिकों से मिलकर विद्यार्थियों का जोश दुगुन हो गया। उन्होंने विभिन्न करतब तथा विमान संबंधित अपनी जिज्ञासाओं को सैनिकों के समक्ष रखा।

    विद्यालय की प्रधानाचार्य निधि स्वामी ने कहा कि एयरफोर्स द्वारा आयोजित इस प्रकार के कार्यक्रम निश्चित रूप से सराहनीय हैं तथा विद्यार्थियों के लिए प्रेरणादायक है। उन्होंने कहा कि इस तरह की गतिविधियों से स्टूडेंट्स को अपनी वायुसेना पर गर्व करने की प्रेरणा भी मिलती है।

  • शांति विद्या निकेतन का एसयूपीडब्ल्यू शिविर हुआ शुरू

    बीकानेर। शीतला गेट स्थित शांति विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय के वार्षिक एसयूपीडब्ल्यू शिविर का उद्घाटन गुरूवार को शिक्षाविद एवं करुणा इंटरनेशनल संस्था, बीकानेर के सचिव गिरिराज खैरीवाल ने किया। खैरीवाल ने इस अवसर पर समाजोपयोगी शिविर की उपयोगिता पर रोशनी डालते हुए करुणा क्लब के उद्देश्यों और कार्यों के बारे में समझाया। इस अवसर पर शाला सचिव रमेश कुमार मोदी ने अमृतधारा बनाना सीखाया और “मेरे बाबा मोटरगाड़ी चलाए” मनोरंजन गीत गाकर शिविरार्थियों का भरपूर मनोरंजन किया। उन्होंने इस अवसर पर शाला की स्काउट व गाइड एक्टिविटिज के बारे में भी जानकारी दी।

    सेवानिवृत्त शिक्षाधिकारी आनंद कुमार व्यास ने वेसलीन और विक्स बनाना सीखाकर विद्यार्थियों को घरेलू उपचार में काम आने वाली वस्तुओं के बारे में बताया। शाला प्रधान हनुमान छींपा ने बताया की इस शिविर के अंर्तगत विद्यार्थियों को विभिन्न प्रकार के खेलों द्वारा मनोरंजन के साथ साथ अनुपयोगी वस्तुओं से उपयोगी वस्तुओं का निर्माण करना बताया जाता है। कार्यक्रम का संचालन शाला के अध्यापक, करूणा क्लब और नैशनल ग्रीन कोर इको क्लब के प्रभारी सौरभ बजाज ने किया।

  • गणतंत्र दिवस के उल्लास के साथ आयोजित हुए ऊर्जा संरक्षण जागरूकता कार्यक्रम “स्पंदन” को देखने हेतु 4 घंटे लगातार डटे रहे दर्शक

    ईको एवं करुणा क्लब्स के संयुक्त आयाम में नन्हीं प्रतिभाओं का जादू छाया

    बीकानेर। नेशनल ग्रीन कोर (इको क्लब), राजस्थान राज्य भारत स्काउट व गाइड तथा करुणा इंटरनेशनल संस्था, बीकानेर के संयुक्त तत्वावधान में ऊर्जा संरक्षण जागरूकता कार्यक्रम के तहत “स्पंदन” कार्यक्रम का आयोजन गंगाशहर स्थित टी. एम. आडिटोरियम में 26 जनवरी 2024 को किया गया। कार्यक्रम – समन्वयक गिरिराज खैरीवाल के मुताबिक इस अवसर पर आईटीआई के उपनिदेशक कैलाश शर्मा ने मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित करते हुए कहा कि ऊर्जा संरक्षण आज के समय की महती आवश्यकता है। उन्होंने अपने संबोधन में ऊर्जा संरक्षण के अनेकानेक टिप्स देते हुए कहा कि हम छोटी छोटी आदतें अपनाकर रोजाना ऊर्जा संरक्षण कर सकते हैं। कार्यक्रम के मुख्य अतिथि विख्यात अंक व अंग ज्योतिषी, वरिष्ठ कवि एवं साहित्यकार डॉ. कुमार गणेश ने अपने सारगर्भित उद्बोधन में मानसिक ऊर्जा की व्याख्या करते हुए मनोबल के बल पर आगे बढ़ने की प्रेरणा प्रदान की। इस अवसर पर टाटा सोलर सिस्टम के बीकानेर के प्रतिनिधि योगेश वर्मा ने सोलर एनर्जी संबंधित औउपयोगी जानकारी दी।


    स्काउट व गाइड की राष्ट्रीय उपाध्यक्ष डॉ. विमला मेघवाल, बीकानेर प्रेस क्लब के अध्यक्ष व स्थानीय संघ गंगाशहर के प्रधान भवानीशंकर जोशी एवं सहायक लोक अभियोजक धीरज चौधरी विशिष्ट अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। सी. ओ. (स्काउट) जसवंत सिंह राजपुरोहित ने स्काउट व इको क्लब के बारे में विस्तृत जानकारी दी तथा आयोजन की उपादेयता प्रस्तुत की। करुणा इंटरनेशनल के शिक्षा अधिकारी घनश्याम साथ ने करुणा इंटरनेशनल संस्था के संबंध में जानकारी दी तथा संस्था की आगामी प्रस्तावित गतिविधियों की जानकारी प्रदान की। कार्यक्रम समन्वयक गिरिराज खैरीवाल ने कार्यक्रम की रूपरेखा प्रस्तुत करते हुए उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। खैरीवाल ने उपस्थित अतिथियों का स्वागत करते हुए उनके संक्षिप्त परिचय भी प्रस्तुत किए। उन्होंने ऊर्जा संरक्षण संबंधी जानकारी भी दी। मंच उद्घोषक राकेश कुमार जोशी ने भी ऊर्जा संरक्षण के जरूरी उपाय बताए। कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजसेवी मेघराज बोथरा ने की।


    29 करुणा क्लब्स की मनभावन प्रस्तुतियों ने खिलाए विविध रंग, “स्पंदन” ने किया सभी को सम्मोहन रूपी ऊर्जा से सराबोर

    इस अवसर पर आयोजित हुए रंगारंग सांस्कृतिक कार्यक्रम में नगर की 29 स्कूल्स के करुणा क्लब्स के 311 स्टूडेंट्स ने प्रभावी प्रस्तुतियां देकर उपस्थित दर्शकों, अभिभावकों, अतिथियों व शिक्षकों को सम्मोहित कर दिया। कार्यक्रम की शुरूआत करुणा प्रार्थना, करुणा गीत एवं अणुव्रत गीत की प्रभावी प्रस्तुति के साथ श्री पूर्णेश्वर ज्ञान मंदिर द्वारा हुई। श्री गोपेश्वर विद्यापीठ सैकेंडरी स्कूल के सरस्वती वंदना नृत्य तथा बालगोविंदम माध्यमिक विद्यालय के स्वागत नृत्य की मनमोहिनी प्रस्तुतियों से शुरू हुई करतल ध्वनि व दाद लगभग सभी कार्यक्रमों को निरंतर मिलती रही। एक से बढ़कर एक प्रस्तुति देखकर दर्शक विस्मय से प्रफुल्लित हो रहे थे। उनकी लगातार बज रही तालियां बच्चों का हौंसला आफजाई कर रही थी।

    दिव्यांग सेवा संस्थान के दिव्यांग स्टूडेंट्स के कार्यक्रम को बहुत सराहना मिली। समाज सेवी जतनलाल दूगड़ ने दिव्यांग सेवा संस्थान को 2100/- की राशि के चैक से पुरस्कृत किया। शांति विद्या निकेतन माध्यमिक विद्यालय के छोटे छोटे स्टूडेंट्स द्वारा प्रस्तुत नाटक “मैं भारत की संतान हूँ” को जमकर प्रशंसा मिली। उनके इस शानदार प्रदर्शन पर विक्टोरियस पब्लिक स्कूल के संस्थापक मनोज व्यास ने 2100/- की राशि से पुरस्कृत किया। इसी तरह से प्रभात बाल मंदिर द्वारा प्रस्तुत योगमयी नृत्य ने सभी को आश्चर्यचकित कर दिया। डिसेंट किड्स के राजस्थान की महिमा का बखान करते हुए प्रस्तुत नृत्य ने भी जमकर सराहना हासिल की। सनराईज अकादमी की देश की सीमा रक्षा को समर्पित प्रस्तुति हो चाहे शांति इंग्लिश एकेडमी एवं सेमूनो इंटरनेशनल टेक्नो स्कूल की प्रस्तुतियां हों, दर्शकों ने खुले मन से तालियां बजाकर उत्साहवर्धन किया। हीरालाल सौभागमल रामपुरिया विद्या निकेतन तथा एनडी ज्ञानदीप की प्रस्तुतियों ने भी शानदार प्रदर्शन किया। जुबिलेंट अकेडमी, श्री सार्थक एकेडमी, शिव माध्यमिक विद्यालय, वर्धमान इंग्लिश एकेडमी, गिन्नी बाल निकेतन, जय गुरुकुल विद्यालय, शांति बाल निकेतन, अमर ज्योति विद्या मंदिर, राजकीय बोथरा बालिका विद्यालय, अरूणोदय विद्या मंदिर, नालंदा पब्लिक स्कूल, विक्टोरियस पब्लिक स्कूल, आदर्श शिक्षा निकेतन, विक्टोरियस कॉन्वेंट स्कूल, राजकीय बांठिया बालिका विद्यालय, गोपाल बाल मंदिर तथा इंद्रा विद्यालय द्वारा प्रस्तुत की गयी प्रस्तुतियां भी एक से बढ़कर एक रहीं।


    पुरस्कार पाकर चहके बालक – बालिकाएं

    कार्यक्रम में प्रस्तुति देने वाले सभी 311 विद्यार्थियों को करुणा साहित्य, पुरस्कार एवं प्रमाण पत्र देकर पुरस्कृत किया गया। सभी सहभागी 29 करुणा क्लब स्कूल्स को स्मृति चिन्ह एवं करुणा साहित्य भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में निर्धारित समय तक पहुंचने एवं कार्यक्रम समापन होने तक रूकने वाले स्कूल्स को तिरंगा दुपट्टा एवं डायरी प्रदान कर सम्मानित किया गया।
    कार्यक्रम में शिरकत करने वाले सभी अतिथियों को तिरंगे दुपट्टे, करुणा साहित्य एवं स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न जिम्मेदारियों में जुटे जैन पी जी महाविद्यालय के रोवर्स मयंक पंवार, आर्यन दावड़ा, इंद्रजीत सिंह, हिमांशु जोशी, कुशाल दैया, लक्ष्य सेवग, करण सिरोही, हेमंत सुथार एवं नरेंद्र जाट, राजकीय बोथरा बालिका विद्यालय की गाइड्स राजिका राजपुरोहित, माया भूटिया, ज्योति राजपुरोहित, हर्षिता राजपुरोहित, श्री गोपेश्वर विद्यापीठ सैकेंडरी स्कूल की गाइड्स दिशा राजपुरोहित व दिव्या स्वामी तथा स्काउट्स आशीष जीनगर, शुभम आसदेव,महेश बाणिया, निर्मन्यु राजपुरोहित, विनायक राजपुरोहित, लोकेश बाणिया व कपिल बाणिया को भी प्रशस्ति पत्र एवं करुणा साहित्य भेंट कर प्रोत्साहित किया गया।

    डिसेंट किड्स की कक्षा 6 की छात्रा अश्लेषा खैरीवाल ने सभी अतिथियों का स्वागत तिलक निकालकर किया।

    2023 के श्रेष्ठ करुणा क्लब्स का किया अभिनंदन

    इस मौके पर गत वर्ष 2023 में राष्ट्रीय स्तर पर पुरस्कृत तीन करुणा क्लब्स का अभिनंदन किया गया। नालंदा पब्लिक स्कूल एवं प्रभात बाल मंदिर को उत्कृष्ट करुणा क्लब के अंतर्गत नेशनल अवार्ड मिलने पर अभिनंदन किया गया। इन दोनों स्कूल्स को अवार्ड, सर्टिफिकेट एवं 11 हजार रुपये से 31 दिसंबर 2023 को चैन्नई में करुणा इंटरनेशनल के राष्ट्रीय अधिवेशन में सम्मानित किया गया था। इसी तरह से इसी कार्यक्रम में शांति विद्या निकेतन को नेशनल लेवल पर एप्रीसिएट पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। स्पंदन के दौरान बीकानेर केंद्र की तरफ से तीनों विद्यालयों के करुणा क्लब्स का अभिनंदन किया गया। इस अवसर पर बीकानेर केंद्र को राष्ट्रीय स्तर पर मिले उत्कृष्ट अवार्ड को बीकानेर के सभी सक्रिय करुणा क्लब्स को समर्पित किया गया।


    जतनलाल दूगड़ का हुआ सेवा अभिनंदन

    करुणा इंटरनेशनल संस्था के प्रणेता व समाजसेवी जतनलाल दूगड़ के जन्मदिवस के उपलक्ष्य में उनका सेवा अभिनंदन किया गया। सेवा अभिनंदन के अंतर्गत शाल, मोतियों की माला एवं अभिनंदन पत्र से 9 विद्यालयों की तरफ से गिरिराज खैरीवाल, घनश्याम साध, प्रभुदयाल गहलोत, रमेश बालेचा, सौरभ बजाज, जितेन्द्र बालेचा, डॉ. नीलम जैन, अनुराधा जैन एवं मुकेश पांडेय ने सम्मान किया। अभिनंदन पत्र का वाचन डॉ. कुमार गणेश ने किया। अनुराधा जैन ने संस्कृत श्लोक के वाचन से श्री दूगड़ को जन्मदिवस की शुभकामनाएं दीं।
    इस अवसर पर श्री दूगड़ ने कहा कि इस सेवाभिनंदन लेख में उल्लेखित समस्त गुणों को आत्मसात करने का उनका प्रयास निरंतर जारी रहेगा।


    इन सब के विशिष्ट सहयोग से ही स्पंदन ने किया प्रभावित

    कार्यक्रम का कुशल मंच संयोजन राकेश कुमार जोशी ने किया। करुणा इंटरनेशनल संस्था, बीकानेर के कोषाध्यक्ष संपतलाल दूगड़, निदेशक शांतिलाल बोथरा, इंद्रा बालेचा, रामचंद्र आचार्य, भंवरी देवी, हरिनारायण आचार्य, मनोज सिंगला, मनोज आचार्य, कमलचंद बाणिया, राणसिंह राजपुरोहित, केवलचंद भूरा, सवाईसिंह राजपुरोहित, विनोद रामावत, महावीर जैन, इंद्राज प्रजापत, आशा शर्मा, कुमकुम गहलोत, सरिता उपाध्याय, वर्षा चौहान, गुनगुन सोनगरा, चित्रा मारु, काजल कंसारा, डोली दूगड़, अनिता भार्गव और पवन अग्रवाल इत्यादि ने विभिन्न व्यवस्थाओं को प्रभावी रूप से संपादित किया।

    टी एम आडिटोरियम में पैर रखने तक की नहीं थी जगह

    कार्यक्रम का समय दो बजे रखा गया था और सवा दो बजे तक आडिटोरियम की सभी सीट्स फुल हो गयी और ढाई बजे तक आडिटोरियम का कोना खचाखच भर गया। ये सभी उपस्थित जन कार्यक्रम समापन होने तक जमे रहे।