11 में से 5 को वर्चुअल मान्यता जारी जबकि 6 की जांच प्रक्रियाधीन

बीकानेर। सत्र 2023-24 के लिए नवीन मान्यता एवं क्रमोन्नति के सभी आवेदनों का निस्तारण निदेशालय के पीएसपी सेक्शन द्वारा 30 जून तक करने की कोशिश सफल होती नहीं दिखाई दे रही है। इसकी सबसे बड़ी वजह जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालयों द्वारा समय पर आवेदन पत्र निदेशालय नहीं भिजवाया जाना है। प्राप्त जानकारी के अनुसार इस वर्ष मान्यता एवं क्रमोन्नति के कुल 2200 के करीब आवेदन किए गए हैं। इनमें से लगभग 1500 पत्रावलियां भी अभी तक निदेशालय नहीं पहुंच सकी हैं। शिक्षा विभाग द्वारा जारी टाईम फ्रेम के अनुसार 30 अप्रैल 2023 तक सभी आवेदनों का निस्तारण किया जाना था लेकिन बाबुओं की हड़ताल के कारण अनावश्यक विलंब हो रहा है और लगता नहीं है कि 30 जून 2023 तक सभी आवेदनों का निस्तारण किया जा सकेगा हालांकि प्राप्त आवेदनों की जांच में पीएसपी के अधिकारीगण एवं कार्मिक दिन रात जुटे हुए हैं।
वे छुट्टी वाले दिन भी आफिस आकर इन पत्रावलियों की जांच कर रहे हैं। आफिस अवर्स खत्म होने के बाद भी टीम पीएसपी इन फाईल्स का निस्तारण करने में जुटी हुई हैं। अभी तक लगभग पांच सौ फाईल्स की जांच पड़ताल हो चुकी है। इनमें से सही पाई गयी फाईल्स को मान्यता / क्रमोन्नति के लिए येस किया जा रहा है तो निरस्त करने योग्य आवेदनों को निरस्त भी किया जा है। यदि किसी आवेदन में कोई ऐसी त्रुटि मिल रही है जिसका समाधान संबंधित आवेदक द्वारा किया जा सकता है, तो ऐसे आवेदनों पर आक्षेप लगाकार पूर्ति हेतु भी सूचित किया जा रहा है।
इस वर्ष शुरू की गई वर्चुअल मान्यता हेतु प्राप्त कुल 11 आवेदन पत्रों में से 5 को मान्यता जारी की जा चुकी है, जिसमें से एक उदयपुर तथा चार वर्चुअल मान्यताएं जोधपुर जिले में जारी की गई हैं। जयपुर, सीकर, बीकानेर, झुंझुनूं जिलों से प्राप्त वर्चुअल मान्यता कि फाईलों का जांच कार्य प्रक्रियाधीन है।