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प्राईवेट स्कूल्स के संचालकों ने शिक्षा विभाग को दी खुली चुनौती “आरटीई का भुगतान नहीं तो प्रवेश नहीं”

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प्री प्राईमरी कक्षाओं हेतु भुगतान के प्रावधान बनाने के बाद ही इन कक्षाओं में प्रवेश दिए जाएंगे

बीकानेर, 21 मार्च। आरटीई के अंतर्गत सत्र 2026-27 से तब तक प्री प्राईमरी ( पी पी 3, पी पी 4 एवं पी पी 5) कक्षाओं में प्रवेश नहीं दिए जाएंगे जब तक शिक्षा विभाग द्वारा इन कक्षाओं के लिए भुगतान हेतु स्पष्ट प्रावधान नहीं कर दिए जाते हैं। बीकानेर स्थित आनन्द निकेतन में प्राईवेट स्कूल्स के संचालकों की हुई मिटिंग में यह फैसला सर्वसम्मति से लिया गया।

पैपा के प्रदेश समन्वयक गिरिराज खैरीवाल की अगुवाई में आयोजित हुई इस मिटिंग में सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया गया कि “भुगतान नहीं तो प्रवेश नहीं”। मिटिंग में उपस्थित शिक्षण संस्थाओं के संचालकों द्वारा आपस में गहन मंथन और चिंतन के बाद यह फैसला किया गया है। मिटिंग में गिरिराज खैरीवाल ने बताया कि 17 मार्च को ही इस संबंध में शिक्षा निदेशक को ज्ञापन देकर हमारे निर्णय से अवगत कराया जा चुका है। उन्होंने बताया कि 17 मार्च को दिए गए ज्ञापन में 10 दिन में प्री प्राईमरी कक्षाओं हेतु भुगतान संबंधित स्पष्ट दिशा निर्देश जारी करने की मांग करते हुए चेताया गया है कि इस मियाद के बाद विभाग स्पष्ट दिशा निर्देश जारी नहीं करेगा तो राज्य की एक भी प्राईवेट स्कूल प्री प्राईमरी कक्षाओं में प्रवेश प्रवेश नहीं देंगे।

खैरीवाल ने बताया कि सरकार एवं शिक्षा विभाग प्री प्राईमरी कक्षाओं में प्रवेशित होने वाले एवं अध्ययनरत विद्यार्थियों के पुनर्भरण से बचना चाहते हैं जबकि हाईकोर्ट द्वारा 8 जनवरी 2026 को दिए गए फैसले में भुगतान हेतु आदेशित किया गया है। बावजूद इसके शिक्षा विभाग एवं सरकार अभी तक हठधर्मी बने हुए हैं और भुगतान करने से बचना चाह रहे हैं। पूर्व में भी विभाग से इस संबंध में निवेदन किये जा चुके हैं लेकिन विभाग ने मौन धारण कर रखा है। उन्होंने बताया कि मिटिंग में यह भी चर्चा हुई की आरटीई के अंतर्गत वर्तमान सत्र 2025-26 के भुगतान सहित पिछले रूके हुए समस्त प्रकार के आरटीई संबंधित पेंडिंग भुगतान किए जाने के लिए संघर्ष करना जरूरी हो गया है।

इस अवसर पर तरविन्दर सिंह कपूर, रविकांत पुरोहित, सौरभ बजाज, प्रताप सिंह भाटी, बालकिशन सोलंकी, लोकेश कुमार मोदी, रघुनाथ बेनीवाल, सोमेश्वर स्वामी, कृष्ण कुमार स्वामी, जयपाल सिंह भाटी, मांगीलाल रामावत भैंरू सिंह भाटी, घनश्याम साध, मनोज कुमार राजपुरोहित, रमेश बालेचा, योगेश सांखला, उमानाराम प्रजापत, पुखराज व्यास, मनोज बिहानी, मनीष कुमार, दीपक पुरोहित, अमित मोदी, अमिताभ हर्ष, लक्ष्मण व्यास, विनोद रामावत, विष्णु दत्त मारू, धर्मेंद्र कुमार शर्मा, कन्हैयालाल साध, बृजभूषण शर्मा, हरिनारायण स्वामी, राकेश कुमार जोशी, महेश गुप्ता, जय गणेश कच्छावा, प्रेम गहलोत, मनोज व्यास, तुलसीराम तंवर, मनीष यादव, मुकेश पांडेय, हनुमान सिंह गहलोत, मूल सिंह शेखावत, कमल कुमार सोलंकी, अभिषेक आचार्य, शिवरतन भाटी, अमजद अब्बासी, सुरेश कुमार आचार्य, कमलचंद पंवार इत्यादि सहित उपस्थित अनेक सभासदों ने अपने अपने सुझाव प्रस्तुत कर इस बात की पुष्टि की कि जब तक प्री प्राईमरी कक्षाओं हेतु भुगतान के प्रावधान लागू नहीं किए जाएंगे, इन कक्षाओं में प्रवेश देना कतई संभव नहीं है। इस अवसर पर अध्यक्षता करते हुए डॉ. अभय सिंह टाक ने कहा कि हमारे द्वारा विभाग को दी गई मियाद पूरी होते ही विरोध के लिए सभी को तैयार रहना है। एकजुटता के साथ मिलकर संघर्ष करने से ही सफलता सिद्ध हो सकेगी। विजयसिंह शेखावत ने आभार प्रदर्शित किया तथा कहा कि एकता में ही बल है।

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